Bihar Politics: कहीं नहीं जा रहे नीतीश

राजनीति राष्ट्रीय

अजय भट्टाचार्य
ऑपरेशन
मुकेश सहनी के बाद भाजपा की नजर बिहार के मुख्यमंत्री की कुर्सी पर है। पार्टी का आईटी सेल काम पर लग गया गई और जैसे उत्तर प्रदेश में मायावती को राष्ट्रपति बनाने की अफवाह फैलाकर बसपा को निपटा दिया उसी तर्ज पर नीतीश कुमार को बरास्ता राज्यसभा उपराष्ट्रपति बनाने की कहानी बिहार में सोशल मीडिया की सुर्खियाँ बनी हुई है। इसकी शुरुआत तब हुई जब बीते सोमवार को बिहार के राजभवन मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष समेत कई नेता राजभवन पहुंचे थे। तभी किसी ने लंबी छोड़ दी कि नीतीश कुमार मुख्यमंत्री पद से इस्तीफ़ा देने राजभवन गये हैं। जैसे ही राजनीतिक गलियारों में इस खबर ने पांव पसारे कि दूसरी भी छोड़ दी गई कि राज्यपाल ने चाय पार्टी दी है। राजभवन में विधायकों को नाश्ते पर आमंत्रित करने के लिए सभी विधायकों को राजभवन की तरफ निमंत्रण भेजा गया था। जिसमें सत्ता पक्ष के साथ विपक्ष को भी बुलाया गया।. विपक्ष के नेताओं में महुआ से राजद विधायक मुकेश रोशन भी राजभवन से बुलाये गये निमंत्रण में पहुंचे। इसके अलावा पटना प्रमंडल के सभी विधायकों को अल्पाहार में शामिल रहे। मगर सियासी अटकलबाजी नहीं थमी। कहा गया कि कोई न कोई खिचडी जरुर पक रही है। इस खिचड़ी में खुद नीतीश ने घी डाल कर राजनीतिक तड़का यह कहकर लगा दिया कि वे कभी राज्यसभा सदस्य नहीं रहे हैं। उनकी इच्छा है कि एक बार राज्य सभा पहुंचें। उनके राज्‍यसभा जाने की बात ऐसी चली कि अब वह बंद ही नहीं हो रही है। खुद नीतीश कुमार इस पर अपनी बात रख चुके हैं। इसके बावजूद उनकी दिल्‍ली यात्रा का जिक्र आम हो गया है। एक समाचार समूह ने तो खबर भी छाप दी कि नीतीश कुमार राज्यसभा चले जायेंगे और भाजपा उनकी पार्टी के सहयोग से बिहार में अपने किसी चेहरे की मुख्यमंत्री पद पर ताजपोशी करेगी। बदले में नीतीश की पार्टी से दो लोगों को उपमुख्यमंत्री बनाया जा सकता है। अब नीतीश कैबिनेट के वरिष्‍ठ मंत्री और जनता दल यूनाइटेड के नेता स्थिति स्‍पष्‍ट करने में जुट गए हैं। बिहार के जल संसाधन मंत्री संजय कुमार झा ने मोर्चा संभालते हुए साफ किया है कि नीतीश कुमार कहीं नहीं जा रहे हैं। वह बिहार में ही रहेंगे और कार्यकाल पूरा करेंगे। जबकि जदयू के वरिष्‍ठ नेता उपेंद्र कुशवाहा ने भी उनके राज्‍यसभा जाने की अटकलों को खारिज करते हुए कहा कि नीतीश कुमार पांच साल तक मुख्‍यमंत्री बने रहेंगे।
बिहार के मंत्री संजय कुमार झा ने ट्वीट किया, ‘मुझे इस अफवाह को लेकर काफी कौतूहल है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राज्‍यसभा जाने का मन बना रहे हैं। यह शरारतपूर्ण और सच्‍चाई से दूर है। नीतीश कुमार को बिहार की सेवा करने के लिए जनादेश मिला है और वह अपने पूरे कार्यकाल तक ऐसा करते रहेंगे। वह कहीं नहीं जा रहे हैं।’ एक अन्‍य ट्वीट में संजय झा ने कहा, ‘नीतीश कुमार वर्ष 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में राजग का चेहरा थे और जनता ने गठबंधन के पक्ष में मतदान किया था। लोगों की सेवा करने का उनका संकल्प अटल है। साथ ही बिहार में बदलाव लाने का उनका इरादा काफी दृढ़ है। लोगों से मेरी अपील है कि वे ऐसे दुष्‍प्रचार से दूर रहें, क्‍योंकि इससे कुछ नहीं मिलने वाला है।’ झा के बाद जेडीयू के वरिष्‍ठ नेता उपेंद्र कुशवाहा ने भी मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर तस्‍वीर साफ करने की कोशिश में ट्वीट कर कहा, ‘अरे भाई, नीतीश कुमार को फिलहाल पांच वर्षों के लिए बिहार की जनता की सेवा का जनादेश प्राप्त है। अर्थात नीतीश कुमार कहीं नहीं जाने वाले हैं। मुख्यमंत्री हैं और रहेंगे..!’

Leave a Reply

Your email address will not be published.