बरसाती लाल कश्यप/जौनपुर
जौनपुर। जनपद पुलिस की साइबर क्राइम टीम ने एक बार फिर बड़ी सफलता हासिल की है। सीईआईआर पोर्टल की मदद से जनपद पुलिस ने 125 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद कर उनके मालिकों को वापस सौंप दिए हैं। बरामद मोबाइलों की कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई जा रही है। खास बात यह है कि अब तक जौनपुर पुलिस कुल 1640 मोबाइल फोन बरामद कर लोगों को वापस दिला चुकी है, जिनकी कुल कीमत लगभग 3 करोड़ 28 लाख रुपये है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कुँवर अनुपम सिंह के निर्देश पर साइबर क्राइम थाना और जनपद के विभिन्न थानों की साइबर सेल लगातार गुमशुदा मोबाइलों की तलाश में जुटी हुई है। अपर पुलिस अधीक्षक नगर आयुष श्रीवास्तव के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी साइबर क्राइम देवेश सिंह के पर्यवेक्षण में सीईआईआर पोर्टल के माध्यम से 125 मोबाइल फोन बरामद किए गए।
बरामद मोबाइल फोन सिर्फ जौनपुर ही नहीं बल्कि उत्तर प्रदेश के कई जिलों—आजमगढ़, वाराणसी, प्रयागराज, लखनऊ, कानपुर, प्रतापगढ़ और भदोही समेत दिल्ली, गुजरात, महाराष्ट्र, बिहार, झारखंड और राजस्थान जैसे राज्यों से भी ट्रेस किए गए। इन मोबाइलों में वन प्लस, वीवो, रेडमी, ओप्पो, रियलमी, टेक्नो, पोको, नोकिया और सैमसंग जैसी कंपनियों के फोन शामिल हैं।
मोबाइल वापस मिलने पर लोगों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी। मोबाइल स्वामियों ने जौनपुर पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए साइबर टीम की सराहना की। पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि मोबाइल फोन गुम होने पर तुरंत थाने में रिपोर्ट दर्ज कराएं और सीईआईआर पोर्टल पर शिकायत जरूर करें।
साइबर अपराध से बचाव को लेकर पुलिस ने लोगों को जागरूक भी किया। अधिकारियों ने कहा कि किसी भी संदिग्ध लिंक, मैसेज या क्यूआर कोड पर क्लिक न करें, अंजान लोगों को ओटीपी, यूपीआई पिन या बैंकिंग जानकारी साझा न करें और साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें।
पुलिस की इस कार्रवाई ने न सिर्फ लोगों का खोया सामान वापस दिलाया है बल्कि साइबर अपराध के प्रति जागरूकता बढ़ाने का भी काम किया है। लगातार हो रही ऐसी कार्रवाइयाँ आम जनता के बीच पुलिस के प्रति भरोसा मजबूत कर रही हैं।
